भारत सरकार द्वारा शहरी क्षेत्र में जिनके पास खुद का आवास नहीं है उनके किए आवासीय योजना चलाई जा रही है । भारत सरकार के आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय द्वारा सितंबर 2024 में जारी ऑफिशियल नोटिफिकेशन के अनुसार प्रधानमंत्री आवास योजना – शहरी 2.0 (PMAY-U 2.0) को 1 सितंबर 2024 से अगले 5 वर्षों की अवधि के लिए इस योजना को शुरू किया गया है। इस योजना का प्राथमिक लक्ष्य 1 करोड़ से भी ज्यादा शहरी गरीब और मध्यम वर्गीय परिवारों की आवासीय आवश्यकताओं को पूरा करना है। यदि आपने अभी तक इस योजना के लिए आवेदन नहीं किया है और आपके आपस खुद का घर नहीं है और आप इस योजना के लिए पात्र है तो आप ऑनलाइन आवेदन कर सकते है।

Pradhan Mantri Awas Yojana Urban 2.0 2026 Overview
| Scheme Name | Pradhan Mantri Awas Yojana – Urban 2.0 (PMAY-U 2.0) |
| Nodal Ministry | Ministry of Housing and Urban Affairs (MoHUA), Government of India |
| Effective Period | 5 years starting 1 September 2024 |
| Target Beneficiaries | 1 crore additional urban poor and middle-class families |
| Disbursement Mode | Direct Benefit Transfer (DBT) linked to 5-stage digital geo-tagging |
| Application Mode | Online via unified portal or offline via local ULB / CSCs |
| Official Website | pmay-urban.gov.in |
PM Awas Yojana Urban 2.0 2026 Income Categories & Eligibility Criteria
| Category | Annual Family Income Limit | Key Terms |
|---|---|---|
| EWS (आर्थिक रूप से कमजोर) | ₹3,00,000 तक | भारत में कहीं भी पक्का मकान न हो। BLC, AHP, ISS और ARH के लिए पात्र। |
| LIG (निम्न आय वर्ग) | ₹3,00,001 से ₹6,00,000 | भारत में कहीं भी पक्का मकान न हो। ISS और ARH के लिए पात्र। |
| MIG (मध्यम आय वर्ग) | ₹6,00,001 से ₹9,00,000 | भारत में कहीं भी पक्का मकान न हो। केवल ISS घटक के लिए पात्र। |
पिछले 20 वर्षों में केंद्र या राज्य सरकार की किसी भी आवास योजना के तहत लाभ प्राप्त करने वाले परिवार इसके पात्र नहीं होंगे।
साथ ही सफाई कर्मी, पीएम स्वनिधि के स्ट्रीट वेंडर, पीएम विश्वकर्मा कारीगर, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, निर्माण श्रमिक, विधवा/एकल महिलाएं, दिव्यांगजन, वरिष्ठ नागरिक और ट्रांसजेंडर को इस योजना में प्राथमिकता दी जाएगी ।
Pradhan Mantri Awas Yojana – Urban 2.0 (PMAY-U 2.0)
प्रधानमंत्री आवास योजना – शहरी 2.0 योजना 2026 का उद्देश्य सबके लिए आवास के दृष्टिकोण के साथ देशभर के सभी पात्र शहरी परिवारों को सभी मौसम के अनुकूल पक्के आवास उपलब्ध कराना है। इस योजना को आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय द्वारा लागू किया जा रहा है, यह योजना पात्र परिवारों को निम्न चार घटकों के माध्यम से वित्तीय सहायता प्रदान करती है:
- Beneficiary Based Construction (BLC): इस योजना के बीएलसी घटक के तहत, आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (ईडब्ल्यूएस) के उन पात्र परिवारों को, जिनकी वार्षिक आय ₹3 लाख तक है, अपनी उपलब्ध भूमि पर 45 वर्गमीटर तक के नए पक्के आवास बनाने के लिए ₹2.5 लाख तक की वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी।
- Affordable Housing in Partnership (AHP): भागीदारी में किफायती आवास (एएचपी) घटक के तहत ईडब्ल्यूएस लाभार्थियों को पक्का मकान स्वामित्व में देने के लिए वित्तीय सहायता दी जाएगी। इस घटक के तहत 30-45 वर्गमीटर कारपेट क्षेत्रवाले किफायती आवास सार्वजनिक/ निजी एजेंसियों द्वारा बनाए जाएंगे और ईडब्ल्यूएस श्रेणी के पात्र लाभार्थियों को आवंटन के लिए उपलब्ध कराए जाएंगे। ईडब्ल्यूएस लाभार्थियों (वार्षिक आय ₹3 लाख तक) को आवास खरीदने के लिए केंद्र और राज्य एजेंसियों द्वारा ₹2.5 लाख तक की वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी।
- Affordable Rental Housing (ARH): यह घटक उन शहरी निवासियों के लिए किफायती और स्वच्छ आवास सुनिश्चित करेगा, जो मकान का स्वामित्व नहीं चाहते, बल्कि अल्पकालिक आधार पर आवास की आवश्यकता रखते हैं, या जिनके पास मकान बनाने या खरीदने की वित्तीय क्षमता नहीं है। ए आर एच के तहत शहरी प्रवासी/बेघर/निराश्रित/औद्योगिक श्रमिक/कामकाजी महिलाएं/निर्माण श्रमिक, शहरी गरीब (स्ट्रीटवेंडर्स, रिक्शा चालक, अन्य सेवा प्रदाता, आदि), बाजार/व्यापार संघों, शैक्षिक/स्वास्थ्य संस्थानों, आतिथ्य क्षेत्र और संविदा कर्मचारियों के लिए पर्याप्त किराये के आवास को बढ़ावा दिया जाएगा।राज्य/संघ राज्य क्षेत्र सरकार यह सुनिश्चित करेंगी कि पानी, सीवरेज, स्वच्छता, आंतरिक सड़क, सामुदायिक केंद्र, स्वास्थ्य केंद्र, क्रेच आदि जैसी नागरिक/सामाजिक बुनियादी ढांचे की आवश्यकताएं पूरी की जाएं, ताकि ये आवास रहने योग्य बन सकें। ई डब्ल्यू एस और एलआईजी लाभार्थी, जिन की वार्षिक आय क्रमशः₹3 लाख और ₹6 लाख है, इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं।
- Interest Subsidy Scheme (ISS): 2.0 की ब्याज सब्सिडी योजना (आईएसएस) के तहत, पात्र लाभार्थियों को 01.09.2024 या उसके बाद स्वीकृत और वितरित किए गए गृहऋण पर सब्सिडीदी जाएगी। यह लाभ ईडब्ल्यूएस/एलआईजी और एमआईजी श्रेणी के लाभार्थियों को मकान खरीदने/पुनर्खरीद/निर्माण के लिए दिया जाएगा। ईडब्ल्यूएस/एलआईजी और एमआईजी श्रेणियों के वे परिवार जिनकी वार्षिक आय क्रमशः ₹3 लाख, ₹6 लाख और ₹9 लाख तक है, इस योजना का लाभ लेने के पात्र है। योजना के तहत ईडब्ल्यूएस/एलआईजी और एमआईजी लाभार्थी के रूप में पहचान के लिए व्यक्तिगत ऋण आवेदक को आय का प्रमाण प्रस्तुत करना होगा।
नागरिक को योजना के किसी भी एक घटक का लाभ लेने से पहले ऊपर दिए गए विवरण को ध्यानपूर्वक पढ़ना और समझना आवश्यक है। एक बार घटक का चयन करने के बाद, इसे बाद में बदला नहीं जा सकता। यदि आपने आवेदन कर लिया इसका मतलब ये नहीं है कि आपको लाभ मिलेगा ही , आपके आवेदन फॉर्म के बाद संबंधित राज्यों/संघ राज्य क्षेत्रों/शहरी स्थानीय निकायों/केंद्रीय नोडल एजेंसीयों/ प्राथमिक ऋणदाता संस्थानों द्वारा पात्रता की पुष्टि नहीं की जाती तब तक आपको लाभ नहीं मिलेगा ।
राजस्थान में कितनी सहायता मिलेगी?
| घटक | पूर्वोत्तर/पहाड़ी राज्य, J&K, लद्दाख, दिल्ली, पुडुचेरी | अन्य केंद्र शासित प्रदेश (UTs) | राजस्थान सहित अन्य सभी राज्य |
|---|---|---|---|
| BLC और AHP | केंद्र: ₹2.25 लाख/आवास राज्य: न्यूनतम ₹0.25 लाख | केंद्र: ₹2.50 लाख/आवास राज्य: शून्य | केंद्र: ₹1.50 लाख/आवास राज्य: न्यूनतम ₹1.00 लाख |
| ARH (प्रौद्योगिकी नवाचार अनुदान) | केंद्र: ₹3,000/वर्ग मी. राज्य: ₹2,000/वर्ग मी. | केंद्र: ₹3,000/वर्ग मी. राज्य: ₹2,000/वर्ग मी. | केंद्र: ₹3,000/वर्ग मी. राज्य: ₹2,000/वर्ग मी. |
| ISS (होम लोन सब्सिडी) | केंद्र: अधिकतम ₹1.80 लाख (100% केंद्रीय वित्त पोषित) | केंद्र: अधिकतम ₹1.80 लाख (100% केंद्रीय वित्त पोषित) | केंद्र: अधिकतम ₹1.80 लाख (100% केंद्रीय वित्त पोषित) |
आवेदन करते समय सही विकल्प चुनना जरूरी
- BLC (Beneficiary-Led Construction
- किसे चुनना चाहिए: यदि आपके पास अपनी निजी ज़मीन या भूखंड पहले से उपलब्ध है और आप उस पर नया पक्का मकान बनाना चाहते हैं।
- पात्रता: यह विकल्प मुख्य रूप से आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग EWS परिवार जिनकी आय ₹3 लाख तक के लिए है।
- AHP (Affordable Housing in Partnership
- किसे चुनना चाहिए: यदि आपके पास अपनी ज़मीन नहीं है और आप सरकार या निजी Developers द्वारा बनाई जा रही आवासीय परियोजनाओं Flats/Apartments में घर खरीदना चाहते हैं।
- पात्रता: मुख्य रूप से EWS श्रेणी के लिए।
- ISS (Interest Subsidy Scheme
- किसे चुनना चाहिए: यदि आप बैंक या हाउसिंग फाइनेंस कंपनी (HFC) से नया घर खरीदने या बनाने के लिए होम लोन ले रहे हैं और ब्याज पर सब्सिडी चाहते हैं।
- पात्रता: EWS, LIG (आय ₹3-6 लाख) और MIG (आय ₹6-9 लाख) तीनों श्रेणियां इसके लिए पात्र हैं। (मकान का मूल्य ₹35 लाख और लोन ₹25 लाख तक होना चाहिए)।
- ARH (Affordable Rental Housing
- किसे चुनना चाहिए: यदि आप शहर में प्रवासी श्रमिक, विद्यार्थी या अस्थायी कामकाजी हैं और स्थायी मकान खरीदने के बजाय केवल किफायती किराये के आवास की तलाश में हैं।
Pradhan Mantri Awas Yojana Urban 2.0 2026 Required Documents List
| श्रेणी | आवश्यक दस्तावेज | विवरण / उद्देश्य |
|---|---|---|
| पहचान एवं ई-केवाईसी | परिवार के सभी सदस्यों का आधार कार्ड / वर्चुअल आईडी | पात्रता सत्यापन और डी-डुप्लीकेशन जांच हेतु |
| पहचान प्रमाण (वैकल्पिक) | पैन कार्ड | वित्तीय और पहचान सत्यापन हेतु (यदि उपलब्ध हो) |
| बैंक विवरण | बैंक पासबुक या बैंक स्टेटमेंट | DBT समर्थित और आधार लिंक बैंक खाता (खाता संख्या व IFSC कोड) |
| आय प्रमाण | आय प्रमाण पत्र / सैलरी स्लिप / ITR / फॉर्म 16 | EWS (₹3 लाख तक), LIG (₹3-6 लाख) या MIG (₹6-9 लाख) की पुष्टि हेतु |
| शपथ पत्र | स्व-प्रमाणित घोषणा पत्र | भारत में पक्का मकान न होने और 20 वर्षों में अन्य योजना का लाभ न लेने की पुष्टि |
| सामाजिक श्रेणी प्रमाण | जाति प्रमाण पत्र / विशेष समूह आईडी | SC/ST/OBC या स्ट्रीट वेंडर, विश्वकर्मा, दिव्यांगजन, निर्माण श्रमिक आदि होने पर |
| BLC घटक हेतु | भूमि के मालिकाना हक के दस्तावेज (रजिस्ट्री/पट्टा) | निजी स्वामित्व वाली विवाद-रहित भूमि और स्वीकृत लेआउट प्लान |
| AHP घटक हेतु | फ्लैट आवंटन पत्र / बिल्डर एग्रीमेंट / रसीद | चिह्नित सरकारी या निजी आवासीय परियोजना में बुकिंग का प्रमाण |
| ISS घटक हेतु | होम लोन स्वीकृति पत्र (Sanction Letter) | बैंक या हाउसिंग फाइनेंस कंपनी से स्वीकृत ₹25 लाख तक के लोन का प्रमाण |
महिला स्वामित्व (अनिवार्य नियम)
- EWS और LIG श्रेणी के तहत आवंटित या निर्मित मकान का मालिकाना हक परिवार की महिला मुखिया के नाम पर या पति-पत्नी के संयुक्त नाम पर पंजीकृत होना अनिवार्य है।
- केवल उन्हीं मामलों में मकान पुरुष सदस्य के नाम पर हो सकता है, जहाँ परिवार में कोई भी वयस्क महिला सदस्य मौजूद न हो।
- यदि आवास पहले खरीदा गया है, तो योजना अवधि के दौरान सेल डीड/टाइटल डीड में महिला सदस्य का नाम बाद में भी जुड़वाया जा सकता है । इसके लिए राज्यों को अतिरिक्त स्टांप शुल्क/पंजीकरण शुल्क में छूट देने का निर्देश है।
5 साल की लॉक-इन अवधि
- योजना के तहत निर्मित या खरीदे गए मकान को कम से कम 5 वर्षों तक बेचा या किसी अन्य को हस्तांतरित नहीं किया जा सकता।
- BLC में निर्माण पूरा होने की तारीख से, AHP में आवास का कब्जा मिलने की तारीख से, और ISS में होम लोन की पहली किस्त जारी होने की तारीख से 5 साल गिने जाते हैं।
- केवल वास्तविक जरूरतमंदों को लाभ मिले और प्रॉपर्टी की जमाखोरी या व्यावसायिक खरीद-फरोख्त पर रोक लगे।
PM Awas Yojana Urban 2.0 Online Apply कैसे करें?
PM Awas Yojana Urban 2.0 Online Apply करना बहुत आसान है आप नीचे दिए हुए प्रोसेस को फॉलो करके आसानी से ऑनलाइन आवेदन कर सकते है , इसके अलावा आप नजदीकी CSC केंद्र पर जाकर भी आवेदन कर सकते है।
- आधिकारिक एकीकृत वेब पोर्टल pmay-urban.gov.in या मोबाइल ऐप पर जाएं।
- “Apply for PMAY-U 2.0” विकल्प पर क्लिक करें।
- BLC, AHP, ARH और ISS से संबंधित निर्देश पढ़ें।
- अपनी आवश्यकता और पात्रता के अनुसार एक विकल्प चुनें।
- Eligibility Check में पारिवारिक आय, पक्के मकान और पिछली आवास योजना के लाभ से संबंधित जानकारी भरें।
- आवेदक को अपने आधार नंबर और ओटीपी के माध्यम से e-KYC सत्यापन करना होगा।
- अपनी पात्रता और आवश्यकता के अनुसार BLC, AHP, ISS या ARH में से किसी एक घटक का चयन करें।
- पारिवारिक आय, सामाजिक श्रेणी, बैंक खाता विवरण (DBT समर्थित) और संपत्ति/भूमि के दस्तावेज अपलोड करें।
- दिशानिर्देशों के अनुसार यह वचन पत्र देना आवश्यक है कि भारत में कहीं भी पक्का मकान नहीं है और पिछले 20 वर्षों में किसी अन्य आवास योजना का लाभ नहीं लिया गया है।
- शहरी स्थानीय निकाय (ULB) या बैंक (ISS के मामले में) द्वारा दस्तावेजों व पात्रता की जांच के बाद स्वीकृति दी जाती है।
Pradhan Mantri Awas Yojana Urban 2.0 2026 Important Links
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| Interest Subsidy Scheme | Click Here |
| Official Website | pmaymis.gov.in |







